अगर आपके मोबाइल फोन से गूगल Play Store अचानक गायब हो गया है और आप परेशान हैं कि अब नए ऐप या गेम कैसे डाउनलोड करें, तो घबराने की जरूरत नहीं है। प्ले स्टोर वापस लाएं, इसका तरीका बेहद आसान है और आप इसे बिना किसी तकनीकी जानकारी के भी कुछ ही मिनटों में ठीक कर सकते हैं। ज्यादातर मामलों में प्ले स्टोर डिलीट नहीं होता, बल्कि गलती से डिसेबल हो जाता है, जिसे दोबारा एक्टिव किया जा सकता है।
क्यों गायब हो जाता है Play Store
अक्सर घर में मौजूद छोटे बच्चे मोबाइल से खेलते समय गलती से सेटिंग बदल देते हैं, जिससे Play Store डिसेबल हो जाता है। कई बार उपयोगकर्ता खुद भी अनजाने में इस ऐप को बंद कर देते हैं। ध्यान रहे कि गूगल प्ले स्टोर किसी भी एंड्रॉइड फोन से स्थायी रूप से डिलीट नहीं होता, यह सिर्फ डिसेबल की स्थिति में चला जाता है। इस वजह से न तो कोई नई एप्लीकेशन इंस्टॉल हो पाती है, न ही गेम डाउनलोड होते हैं, और पहले से मौजूद ऐप्स को अपडेट करना भी संभव नहीं रहता।
Play Store दोबारा एक्टिव करने के स्टेप्स
नीचे दिए गए आसान स्टेप्स की मदद से आप अपने मोबाइल फोन में प्ले स्टोर को फिर से चालू कर सकते हैं।
- सबसे पहले मोबाइल फोन की सेटिंग ऐप को खोलें
- नीचे की ओर स्क्रॉल करके ‘एप्स’ या ‘ऐप्लिकेशन’ वाले विकल्प पर जाएं

- ‘सी ऑल एप्स’ या ‘एप्स मैनेजमेंट’ विकल्प पर क्लिक करें

- सूची में गूगल प्ले स्टोर को ढूंढें या सर्च बार में ‘Play Store’ टाइप करें

- प्ले स्टोर पर क्लिक करते ही ‘डिसेबल’ स्टेटस दिखाई देगा

- ‘इनेबल’ विकल्प पर टैप करें, जिससे ऐप दोबारा एक्टिव हो जाएगा
इनेबल करते ही फिर से काम करने लगेगा ऐप
इन सभी स्टेप्स को पूरा करने के बाद प्ले स्टोर आपके मोबाइल फोन की ऐप लिस्ट या होम स्क्रीन पर दोबारा दिखाई देने लगेगा। इसके बाद आप सामान्य तरीके से नए ऐप्स डाउनलोड कर सकते हैं, गेम इंस्टॉल कर सकते हैं और अपने मौजूदा ऐप्स को अपडेट भी कर पाएंगे। इस पूरी प्रक्रिया में किसी थर्ड पार्टी ऐप या इंटरनेट डाउनलोड की जरूरत नहीं पड़ती, सिर्फ फोन की मौजूदा सेटिंग से ही यह काम पूरा हो जाता है।
ध्यान रखने योग्य बातें
अगर उपरोक्त तरीके से भी प्ले स्टोर एक्टिव नहीं होता है, तो हो सकता है कि समस्या किसी और सेटिंग या सिस्टम अपडेट से जुड़ी हो। ऐसी स्थिति में मोबाइल को रीस्टार्ट करके दोबारा कोशिश करें। साथ ही बच्चों को मोबाइल देने से पहले जरूरी ऐप्स के लिए पैरेंटल कंट्रोल या स्क्रीन लॉक जैसी सुविधाओं का इस्तेमाल करना बेहतर रहेगा, ताकि गलती से जरूरी सेटिंग्स में बदलाव न हो।